Wireless Communication e-Book In Hindi

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Spred sprectm In Hindi :

 

टेलीकम्युनिकेशन या रेडियो communication में यह एक मेथेड है जिसमे कोई भी signal इलेक्ट्रिक या इलेक्ट्रोमेग्नेटिक वेब जो की एक पार्टीक्युलर बेंडविथ से जनरेटेड है वह एक Frequency रेमिन में स्प्रेड कर दिया जाता है जिसमे हमे signal मिलता है इसकी बैंडविथ wides होती है

चित्र

 

इस टेक्निक में signal transmit किये जाते है जो की ओरिजनल Frequency में लेयर होती है यह टेक्निक इंटरफेस को कम करती है और privase  एक्टिव करती है स्प्रेड स्प्रेक्टेम signal को wide signal में कनवोर्ड करता है
जब रिसीवर के पास यह signal पहुचाती  है तो वह ओरिजनल signal इन्फोर्मेशन को निकल देते है और कोड side को रिमूव कर देते है

 

type of spred sprctem :

 

1. direct Frequency spride spreclum –

टेलीकम्युनिकेशन में डायरेक्टर सिक्वेंस स्प्रेड स्प्रेक्टेम एक माडयुलैटर टेक्निक है जो की फेस माडयुलेशन करती है एक कम्युनिकेशन कोड की स्ट्रिंग जिन्हें चिप कहते है हर चिप का बहुत ही छोटा  डयुरेशन  होता है इसका मतलब हर  इनफार्मेशन बहुत तेज चिप sequence में मोड़युलेट होती है इस लिए चिप की रेट बहुत high होती है इसका इनफार्मेशन system बहुत high होता है

 

2. Frequency Hopping  spred sprectm (FHSS) -

इसमें वह रेडियो सिग्नल जिसे ट्रांसमिट करते है उसकी करियर वेब बहुत से फ्रीक्वेंसी चैनल में रेपिटेटली switch की जाती है यह प्रीस्यूडोरेंडम और सिक्वेंस रिसीवर दोनों का पता रहता है

 

3. Time Hopping spred sprectm :

यह टेकनिक एंटजमींन के लिए  use की जाती है हम इसे फेज मोडूयुलेशन भी कह सकते है इसमें ट्रान्समीशन टाइम को विभिन फॉर्म में डिवाइड के दिया जाता है हर स्लाट की ड्यूरेशन TF/M से रेप्रसेंत करते है
हर एक फ्रेम में एक ही स्लोट मोडूयुलेट किया जाता है जो इन्फो signal से साथ होती है

 


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